प्रदेश सरकार ने सिक्स लेन की पूर्वांचल एक्सप्रेस के लिए बजट में एक हजार करोड़ की अतिरिक्त धनराशि रखी है। जनपद में 99 किमी का एक्सप्रेस चार तहसीलों के 112 गांवों से होकर गुजरेगा। इसके लिए किसानों से कुल 871.67 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जाना है। 115.13 हेक्टेयर जमीन सार्वजनिक उपभोग की आएंगी। अभी तक 80 फीसदी किसानों से बैनामा कर लिया गया है। सरकार से मिले 1118.56 करोड़ रुपये में किसानों को लगभग 900 करोड़ का मुआवजा जारी भी कर दिया गया है। इस बीच सरकार की ओर से काम शुरू करने से पहले 95 फीसदी किसानों से बैनामा कराने के आदेश मिले हैं, जिसके क्रम में कार्य शुरू कर दिया गया है।

sixlane road - Azamgarh - Literature in India news
चित्र स्रोत : गूगल

सूबे के इस पिछड़े क्षेत्र के विकास की पटरी पर लाने के लिए सरकार की ओर से पूर्वांचल एक्सप्रेस वे की घोषणा की गई है। सिक्स लेन के इस एक्सप्रेस-वे में कई ग्रीन कारीडोर, इंडस्ट्रियल कारीडोर और अन्य घोषणाएं की गई हैं। शुक्रवार को विधानसभा में पेश किए बजट में वित्त मंत्री की ओर से पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे के लिए एक हजार करोड़ रुपये अतिरिक्त रखने का प्रस्ताव रखा गया।

 

इससे जनपद के विकास को भी पंख लगने की बात कही जा रही है। इसके अलावा जनपद में वाराणसी से लुंबिनी फोरलेन नेशनल हाईवे-233 का निर्माण जारी है। दोनों नेशनल हाईवे के तैयार होने और मंदुरी से घरेलू उड़ान शुरू होने के बाद औद्योगिक रूप से पिछड़े आजमगढ़, मऊ, गाजीपुर और बलिया में औद्योगिक क्रांति आने की उम्मीद जताई जा रही है।

 

जनपद में 99 किमी का एक्सप्रेस-वे फूलपुर, निजामाबाद, सगड़ी और सदर तहसील के 112 गांवों से होकर गुजरेगा। फूलपुर के खड़उरा गांव से जनपद में प्रवेश करने वाला हाईवे सदर तहसील के केरमा गांव से मऊ जनपद में प्रवेश कर जाएगा। एक्सप्रेस-वे के निर्माण के लिए जनपद में कुल 986.80 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। इसमें किसानों से कुल 871.67 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जाना है।

 

115.13 हेक्टेयर जमीन सार्वजनिक उपभोग की आएंगी। अभी तक 80 फीसदी किसानों से बैनामा और सहमति ले की गई है। सरकार से आवंटित 1118.56 करोड़ रुपये में किसानों को लगभग 900 करोड़ का मुआवजा जारी भी कर दिया गया है। इस बीच सरकार की ओर से हाईवे निर्माण का काम शुरू करने से पहले 95 फीसदी किसानों से बैनामा कराने के आदेश मिले हैं, जिसके क्रम में कार्य शुरू कर दिया गया है।

 

मुख्य रूट पर आएंगे कई जिले

 

लखनऊ से चलने वाला हाईवे गाजीपुर जनपद के यीशूपुर मोहम्मदाबाद में खत्म होगा। जनपद में ये सुल्तानपुर जिले के गांव से प्रवेश करेगा। इससे पूर्वांचल के कई जिले सीधे आवागमन के रूट पर आ जाएंगे। कहा तो ये भी जा रहा है कि लखनऊ से बलिया की दूरी मात्र छह घंटे में तय कर ली जाएगी। इससे पूर्वांचल में आद्योगिक विकास को काफी सहारा मिलेगा। हाईवे के किनारे कई औद्योगिक क्षेत्र बसाने की योजना भी बनाई गई है। कई स्थानों पर ग्रीन कारीडोर भी बनाए जाएंगी। इसका निर्माण कहां होगा अभी इसकी जानकारी नहीं मिल पा रही है।

 

करीब ढाई सौ हेक्टर जमीन

 

फूलपुर तहसील के कुल 32 गांव से हाईवे गुजरेगा। यहां किसानों से कुल 249.76 हेक्टर जमीन अधिग्रहीत की जा रही है। निजामाबाद तहसील के कुल 22 गांव हाईवे की जद में आएंगे। यहां 191.19 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहीत करने की योजना है। सगड़ी तहसील में 15 गांव आएंगे जहां 102.15 हेक्टेयर जमीन किसानों से ली जाएगी। सबसे ज्यादा रकबा सदर तहसील का अधिग्रहीत होगा। यहां 43 गांवों में कुल 328.56 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा|

(अमर उजाला से साभार)

पूर्वांचल एक्सप्रेस का 99 किमी का हिस्सा जनपद में बनना है। चार तहसीलों के 112 गांव से एक्सप्रेस वे गुजरेगा। किसानों से कुल 871.67 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जा रहा है। अधिग्रहण के बाद शासन की ओर से निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा। जिन जनपदों से ये एक्सप्रेस-वे गुजरेगा वहां के विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगा।

आलोक वर्मा, मुख्य राजस्व अधिकारी

 

अगर आप भी लिखते है तो हमें ज़रूर भेजे, हमारा पता है:

साहित्य: editor_team@literatureinindia.com

समाचार: news@literatureinindia.com

जानकारी/सुझाव: adteam@literatureinindia.com

हमारे प्रयास में अपना सहयोग अवश्य दें, फेसबुक पर अथवा ट्विटर पर हमसे जुड़ें