वेटिकनसिटी – सविता मिश्रा ‘अक्षजा’

Vetican City - Short Story by Savita Mishta Akshaja

"मेरी बच्ची ! तू सोच रही होगी कि मैंने इस तीसरे अबॉर्शन के लिए सख्ती से मना क्यों नहीं किया !!" ओपीडी के स्ट्रेचर पड़ी बिलखती हुई माँ ने अपने पेट को हथेली से सहलाते हुए कहा। पेट में बच्ची की हल्की-सी हलचल हुई। "तू कह रही होगी कि माँ डायन है ! अपनी ही … पढ़ना जारी रखें वेटिकनसिटी – सविता मिश्रा ‘अक्षजा’

Advertisements